Last Updated on July 21, 2026 by Gopi Krishna Verma
जिन आयामों में प्रगति कम है, वहां विशेष अभियान चलाकर लक्ष्य की शीघ्र पूर्ति करें: डीडीसी
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एक नज़र:
- ANC रजिस्ट्रेशन, संस्थागत प्रसव एवं पूर्ण टीकाकरण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए प्रभावी मॉनिटरिंग के निर्देश।
- .CDPO के साथ समन्वय बैठक कर सभी स्वास्थ्य संकेतकों में शत-प्रतिशत प्रगति सुनिश्चित करने पर जोर।
- रक्त संग्रहण बढ़ाने के लिए 22, 24 एवं 27 जुलाई को जिले में आयोजित होंगे विशेष रक्तदान शिविर।

गिरिडीह। समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में उप विकास आयुक्त स्मृता कुमारी की अध्यक्षता में स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले के सभी प्रखंडों में संचालित विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों एवं योजनाओं की प्रखंडवार विस्तृत समीक्षा करते हुए लक्ष्य के अनुरूप प्रगति सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
समीक्षा के दौरान उप विकास आयुक्त ने ANC रजिस्ट्रेशन, संस्थागत प्रसव (Institutional Delivery), पूर्ण टीकाकरण (Full Immunization), मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं तथा अन्य प्रमुख स्वास्थ्य संकेतकों की प्रखंडवार प्रगति का गहन अवलोकन किया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि जिन प्रखंडों अथवा आयामों में अपेक्षित प्रगति नहीं हुई है, वहां विशेष अभियान (स्पेशल ड्राइव) चलाकर निर्धारित लक्ष्य को शीघ्र प्राप्त किया जाए।
बैठक में प्रस्तुत प्रगति प्रतिवेदन पर नाराजगी जाहिर करते हुए उप विकास आयुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट शब्दों में निर्देशित किया कि बाल विकास परियोजना पदाधिकारी (CDPO) के साथ नियमित समन्वय बैठक आयोजित कर स्वास्थ्य एवं पोषण से जुड़े सभी आयामों में शत-प्रतिशत प्रगति सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय एवं नियमित मॉनिटरिंग से ही योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन संभव है।
उप विकास आयुक्त ने कुपोषण उपचार केंद्र (MTC) की कार्यप्रणाली, उपलब्ध बेड, उपचार की व्यवस्था तथा कुपोषित बच्चों के चिन्हांकन एवं भर्ती की स्थिति की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गंभीर रूप से कुपोषित बच्चों को समय पर उपचार उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए तथा किसी भी पात्र बच्चे को उपचार से वंचित नहीं रहने दिया जाए।

बैठक में ब्लड बैंक एवं रक्त संग्रहण की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों द्वारा बताया गया कि वर्तमान में जिले में 764 यूनिट रक्त उपलब्ध है। उप विकास आयुक्त ने सदर अस्पताल में संचालित ब्लड कंपोनेंट यूनिट की कार्यप्रणाली की समीक्षा करते हुए आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता एवं सुचारु संचालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि आपातकालीन परिस्थितियों में पर्याप्त रक्त उपलब्धता जीवन रक्षक सिद्ध होती है, इसलिए स्वैच्छिक रक्तदान को निरंतर प्रोत्साहित किया जाए। रक्त संग्रहण बढ़ाने के उद्देश्य से जिले में आयोजित होने वाले आगामी रक्तदान शिविरों की भी समीक्षा की गई। बताया गया कि 22 जुलाई को विश्वनाथ नर्सिंग होम, 24 जुलाई को सलूजा गोल्ड स्टील प्लांट के कार्यालय तथा 27 जुलाई को नरेंद्र सिन्हा पार्क में विशेष रक्तदान शिविर आयोजित किए जाएंगे। उप विकास आयुक्त ने इन शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार कर अधिकाधिक लोगों की सहभागिता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में सिविल सर्जन, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी, जिला यक्ष्मा पदाधिकारी, जिला आरसीएच पदाधिकारी, अस्पताल उपाधीक्षक, सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, बीपीएम, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के पदाधिकारी एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।




