गिरिडीह में बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान: बाल विवाह रोकथाम को लेकर विद्यालयों में आयोजित हुए जागरूकता कार्यक्रम
Last Updated on November 6, 2026 by Gopi Krishna Verma
चित्रकला और क्विज प्रतियोगिता के जरिए विद्यार्थियों को बाल विवाह के दुष्परिणामों और बालिका शिक्षा के प्रति किया गया जागरूक, उत्कृष्ट प्रतिभागियों को किया गया सम्मानित

गिरिडीह। उपायुक्त रामनिवास यादव के निर्देशानुसार ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ (BBBP) अभियान के तहत जिले के पीरटांड़ और डुमरी प्रखंड के विद्यालयों में बाल विवाह रोकथाम को लेकर विशेष जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। यह आयोजन +2 एस.एस. के.वी. उच्च विद्यालय, डुमरी और उत्क्रमित उच्च विद्यालय, पीरटांड़ में संपन्न हुआ।

प्रतियोगिताओं के माध्यम से दी गई कानूनी और सामाजिक जानकारी
कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं के बीच चित्रकला एवं क्विज प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपनी रचनात्मकता और ज्ञान का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कृत कर सम्मानित किया गया और उनका उत्साहवर्धन किया गया।
कार्यक्रम के तहत विद्यार्थियों को बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 के प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही, बाल विवाह के सामाजिक, शैक्षणिक और स्वास्थ्य संबंधी दुष्परिणामों से अवगत कराते हुए बालिकाओं की शिक्षा, सुरक्षा और अधिकारों को सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया।

समाज के प्रत्येक वर्ग की भागीदारी पर जोर
इस अवसर पर उपस्थित अधिकारियों और कर्मियों ने कहा कि बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीति का उन्मूलन केवल प्रशासनिक प्रयासों से संभव नहीं है, बल्कि इसके लिए समाज के प्रत्येक वर्ग—विशेषकर युवाओं और विद्यार्थियों—की सक्रिय भागीदारी बेहद आवश्यक है। सभी से बाल विवाह के विरुद्ध जागरूकता फैलाने और बाल विवाह मुक्त समाज के निर्माण में अपनी जिम्मेदारी निभाने की अपील की गई।
कार्यक्रम में संबंधित विद्यालयों के शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। जिला समाज कल्याण शाखा, गिरिडीह की ओर से बिक्कु कुमार यादव, नीलम मंडल, विकास कुमार और रविकांत भारती ने कार्यक्रम में सक्रिय सहभागिता निभाई।

