त्योहारों से पहले झारखंड के खजाने में आए 3,660 करोड़ रुपये, पड़ोसी राज्यों से कितना पीछे रहा राज्य?
Last Updated on November 3, 2026 by Gopi Krishna Verma
केंद्र ने कर हस्तांतरण की दूसरी अतिरिक्त किस्त की जारी, बिहार और बंगाल को झारखंड से कहीं अधिक राशि; छत्तीसगढ़ को मिला कम पैसा

रांची। आगामी पर्व-त्योहारों के बीच झारखंड के विकास और कल्याणकारी योजनाओं को गति देने के लिए केंद्र सरकार ने राज्य को 3,660 करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि जारी की है। केंद्रीय वित्त मंत्रालय की ओर से राज्यों को कर हस्तांतरण की दूसरी अतिरिक्त किस्त जारी की गई है। यह राशि नियमित मासिक कर हस्तांतरण से अलग है। हालांकि, पड़ोसी राज्यों से तुलना करें तो झारखंड को मिलने वाली राशि कई राज्यों के मुकाबले काफी कम है।

केंद्र की इस राशि से राज्य सरकार को विकास योजनाओं, जनकल्याणकारी कार्यों और आगामी त्योहारों के दौरान जरूरी खर्चों को पूरा करने में मदद मिलेगी। चालू वित्त वर्ष में यह कर हस्तांतरण की दूसरी अतिरिक्त किस्त है। इससे पहले एक अगस्त को केंद्र सरकार ने पहली अतिरिक्त किस्त जारी की थी।
पड़ोसी राज्यों की तुलना में झारखंड को कम राशि
कर हस्तांतरण के आंकड़ों पर नजर डालें तो झारखंड को पड़ोसी राज्यों की तुलना में कम राशि मिली है। बिहार को झारखंड से करीब 7,185 करोड़ रुपये अधिक मिले हैं, जबकि पश्चिम बंगाल को दोगुने से अधिक राशि जारी की गई है। ओडिशा को भी झारखंड के मुकाबले 1,159 करोड़ रुपये ज्यादा मिले हैं।
वहीं, उत्तर प्रदेश को झारखंड से पांच गुना से भी अधिक राशि प्राप्त हुई है। पड़ोसी राज्यों में केवल छत्तीसगढ़ ऐसा राज्य है, जिसे झारखंड से कम राशि मिली है। दोनों राज्यों के बीच अंतर महज 58 करोड़ रुपये का है।

विकास कार्यों के लिए अहम होगी राशि
केंद्र से प्राप्त यह अतिरिक्त राशि राज्य के लिए वित्तीय दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। त्योहारों के दौरान विकास एवं कल्याणकारी योजनाओं पर खर्च के साथ-साथ राज्य सरकार के सामने विभिन्न योजनाओं को गति देने की चुनौती भी होगी। ऐसे में अब निगाहें इस बात पर रहेंगी कि जारी राशि का उपयोग किन क्षेत्रों में और किस तरह किया जाता है।
