Last Updated on July 11, 2026 by Gopi Krishna Verma
11 जुलाई से 10 अगस्त तक चलेगा जनसंख्या स्थिरता अभियान, परिवार नियोजन एवं स्वस्थ समाज के निर्माण पर दिया गया बल

गिरिडीह। विश्व जनसंख्या दिवस के अवसर पर जिला स्वास्थ्य समिति, गिरिडीह के तत्वावधान में “जनसंख्या स्थिरता अभियान-2026” का उद्घाटन समारोह आज MCH, चैताडीह में आयोजित किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ जिला परिषद अध्यक्ष मुनिया देवी एवं उप विकास आयुक्त स्मृता कुमारी, सिविल सर्जन डॉ. बच्चा प्रसाद सिंह, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी अंजना भारती ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। यह अभियान 11 जुलाई 2026 से 10 अगस्त 2026 तक संचालित किया जाएगा। राज्य सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप इस वर्ष अभियान की थीम “जब बच्चों में हो सही अंतराल, परिवार बने स्वस्थ और खुशहाल” रखी गई है। अभियान के तहत जिले के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों एवं आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में परिवार नियोजन एवं जनसंख्या स्थिरता से संबंधित विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। साथ ही जिले एवं सभी प्रखंडों में व्यापक जन जागरूकता एवं प्रचार-प्रसार अभियान भी चलाया जाएगा।

इस अवसर पर जिला परिषद अध्यक्ष मुनिया देवी ने कहा कि जनसंख्या स्थिरता केवल स्वास्थ्य का विषय नहीं, बल्कि सामाजिक एवं आर्थिक विकास का भी महत्वपूर्ण आधार है। उन्होंने कहा कि परिवार नियोजन, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य तथा महिलाओं के सशक्तिकरण के प्रति व्यापक जन जागरूकता से ही स्वस्थ एवं समृद्ध समाज का निर्माण संभव है। उन्होंने लोगों से छोटे परिवार के महत्व को समझने एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित परिवार कल्याण सेवाओं का अधिकाधिक लाभ उठाने का आह्वान किया।
उप विकास आयुक्त स्मृता कुमारी ने कहा कि जनसंख्या स्थिरता अभियान का उद्देश्य प्रत्येक दंपति को परिवार नियोजन संबंधी सही जानकारी एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि जागरूकता, शिक्षा और सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से ही इस अभियान को सफल बनाया जा सकता है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों एवं कर्मियों से अभियान के दौरान ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में व्यापक जन जागरूकता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कार्यक्रम के दौरान विश्व जनसंख्या दिवस की थीम के अनुरूप परिवार नियोजन, सुरक्षित मातृत्व, किशोर स्वास्थ्य एवं जनसंख्या स्थिरता से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से जानकारी दी गई। उपस्थित लोगों को परिवार नियोजन अपनाने, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ लेने तथा स्वस्थ एवं खुशहाल परिवार के निर्माण में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाने का संदेश दिया गया।

कार्यक्रम के दौरान सिविल सर्जन, गिरिडीह एवं डॉ. सजना शर्मा, चिकित्सा पदाधिकारी ने परिवार नियोजन के स्थायी एवं अस्थायी साधनों, जन्मांतराल के महत्व, सुरक्षित मातृत्व, किशोर स्वास्थ्य तथा गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। इस अवसर पर परिवार नियोजन के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले पदाधिकारियों, स्वास्थ्य कर्मियों एवं प्रेरकों को जिला स्वास्थ्य समिति द्वारा सम्मानित भी किया गया। कार्यक्रम के दौरान सभी योग्य दंपतियों एवं नागरिकों से अपील की गई कि वे अपने निकटतम सरकारी स्वास्थ्य संस्थान में उपलब्ध निःशुल्क परिवार नियोजन सेवाओं का लाभ उठाकर स्वस्थ, सुरक्षित एवं खुशहाल परिवार के निर्माण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।
इस अवसर पर सिविल सर्जन, जिला आरसीएच पदाधिकारी, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी, उपाधीक्षक, सदर अस्पताल, चिकित्सकगण, एएनएम, सहिया, बीटीटी, स्वास्थ्यकर्मी एवं अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।




