पंचवटी पहल कार्यक्रम के तहत डबरसैनी शक्ति पीठ में किया गया पौधारोपण

Last Updated on October 3, 2024 by Gopi Krishna Verma बिरनी। पंचवटी पहल कार्यक्रम के तहत डबरसैनी में किया गया पौधारोपण बिरनी प्रखंड के डबरसैनी में शारदीय नवरात्रा के अवसर पर पर्यावरण सह जैव विविधता सुरक्षा का अभिनव कार्यक्रम “पंचवटी पहल” के तहत मां डबरसैनी शक्तिपीठ विकास समिति बिरनी एवं जल, जंगल, जमीन, जैव विविधता…

Last Updated on October 3, 2024 by Gopi Krishna Verma

बिरनी। पंचवटी पहल कार्यक्रम के तहत डबरसैनी में किया गया पौधारोपण बिरनी प्रखंड के डबरसैनी में शारदीय नवरात्रा के अवसर पर पर्यावरण सह जैव विविधता सुरक्षा का अभिनव कार्यक्रम “पंचवटी पहल” के तहत मां डबरसैनी शक्तिपीठ विकास समिति बिरनी एवं जल, जंगल, जमीन, जैव विविधता एवं जलाशय सुरक्षा मंच झारखंड के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बतौर मुख्य अतिथि सेवानिवृत उप निदेशक, नेहरू युवा केन्द्र संगठन, नई दिल्ली के गोपाल चंद्र ओझा एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में स्वदेशी जागरण मंच के परमेश्वर मोदी उपस्थित थे।

इस बीच कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए मुख्य अतिथि श्री ओझा ने कहा कि हमें रक्षाबंधन के पवित्र अवसर पर पांच “ज” जैसे जल, जंगल, जमीन, जैव विविधता, तथा जलाशय की सुरक्षा हेतु प्रण लेकर उन्हें भी रक्षा सूत्र बांधना चाहिए, साथ ही इन प्राकृतिक धरोहरों से प्रार्थना करनी चाहिए।इन पंच तत्वों की सुरक्षा हेतु पांच “प” अर्थात परमेश्वर्, प्रकृति, परिवेश, परंपरा और परिवार से हमें प्रेम करना आज की जरूरत है और इसी प्रेम के प्रकार्यात्मक पहलू या अभियान का नाम है “पंचवटी पहल”. उक्त अभियान के तहत हमें अपने गाँव में पीपल, बरगद, नीम, अशोक, बेल, आम, गुलर आदि स्थानीय पौधों के रोपण को प्रोत्साहित करना है।

इन पौधों से हमारी भूमि समृद्ध व जैव विविधता संरक्षित होगा, भूजल स्तर बढ़ेगा तथा वायुमंडल में आक्सीजन की मात्र में वृद्धि होगी. ! भारतीय धर्म में भी परमेश्वर,संस्कृति, संस्कार, परंपरा, और परिवार पांच का स्थान महत्व पूर्ण है. इसी महत्व को ध्यान में रखते हुए पांच अति महत्वपूर्ण की ” जल, जंगल, जमीन, जैव विविधता तथा जलाशय की सुरक्षा हेतु पंच प्रेम की अवधारणा का नाम है पंचवटी पहल. यह पहल हमें पौधरोपण के साथ प्रकृति से जोड़ता है।

विशिष्ट अतिथि परमेश्वर मोदी ने कहा कि आज भौतिकवादी युग में लोग इन चीजों से काफी दूर चले जा रहे है जिन्हे जागरूक और प्रेरित कर वृक्षारोपण कार्यक्रम में गति दी जा सकती है युवाओं को प्रेरित करने की आवश्यकता है। कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए समाजसेवी रामशंकर ठाकुर ने कहा कि वर्ष 2005 में नेहरू युवा केन्द्र संगठन के बैनर तले गिरीडीह के युवाओं को युवा क्लब के द्वारा सामाजिक कार्यक्रम के लिए श्री ओझा सर ने प्रेरित किया और सफल संचालन व सामाजिक कार्यों के लिए प्रेरित किया उनसे प्रेरित होकर गिरीडीह के युवा समाजिक सरोकार से जुड़े और मिशाल पेश किए। आज के युग में सेवा निवृत के बाद लोग अपने घरों में बैठ जाते है पर ओझा सर ने एक नई मिशन की शुरुआत कर उन सभी ऑफिसरों के लिए प्रेरणाश्रोत है जो अपने घरों में आराम करने लगते है परन्तु इन्होने एक व्यापक कार्यक्रम चला रहे है।

नवरात्र के अवसर पर डबरसैनी में 51 पौधा लगाकर एक मिशाल पेश किया है इस कार्यक्रम से लोगों को गौरवान्वित करने का काम किया है हमलोग इस मिशन को आगे बढ़ाने में हर सम्भव प्रयास करेंगे ताकि ग्लोबल वार्मिंग से बचाया जा सके। मां डबरसैनी शक्तिपीठ विकास समिति बिरनी के संरक्षक बालेश्वर विश्वकर्मा, अध्यक्ष सुरेन्द्र वर्मा, फील्ड थिमेटिल कोऑर्डिनेटर जय प्रकाश कुमार वर्मा, दहेज मुक्त झारखंड सेवा संघ के संगठन मंत्री राजेश वर्मा, पूर्व मुखिया मुकुंद मुरारी, सांसद प्रतिनिधी प्रेमचंद कुशवाहा, शिक्षक राजेश वर्मा, मुखिया प्रतिनिधी अरारी सुनील वर्मा, ब्लॉक कोऑर्डिनेटर संस्कार फाउंडेशन के सचिव अमित वर्मा, गोपेश्वर यादव गोविंद महतो, रमेश सिंह, पिंकू वर्मा , शंकर हजाम, सुनीता देवी, एनजीओ से किरण वर्मा, डॉ रीतलाल वर्मा, सीताराम साव, भोपाल साव, सुरेश वर्मा, सूरज देव यादव, समाजसेवी रामाशंकर ठाकुर, रविन्द्र रंजन, बीसीसीएल के सेवा निवृत फॉरमेन दीपक कुमार ओझा, नियति ओझा समेत दर्जनों लोग सम्बोधित कर इस सोच और कार्यक्रम की सराहना किया। आगंतुक अतिथियों के द्वारा पंचवटी पहल के तहत 51 पीपल, 2 बरगद, बेल, नीम, आंवला इत्यादि पौधा लगाया गया।कार्यक्रम को सफल बनाने में समाजसेवी सुरेन्द्र वर्मा, राजेश कुमार वर्मा, मुंशी विश्वकर्मा योगदान सराहनीय रहा। कार्यक्रम का सफ़ल संचालन राजेश कुमार वर्मा ने किया।

About Author

About the Author

Sunil Kumar Verma

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Latest News

View All

About the editor

Gopi Krishna verma

Gopikrishna Verma serves as the Editor of the ‘Dahad India’ news portal. Furthermore, he possesses over fifteen years of experience in the field of journalism. In addition to his work with this news portal, he currently serves as a correspondent for the Hindi edition of the ‘Hindustan Times’. He began his career in journalism with the Hindi edition of the ‘Hindustan Times’. His writing on serious subjects—such as public issues, law, education, and the environment—is remarkable, unique, and inspiring. His dedication to the field of education is such that he himself serves as the Director and Science Mentor at an educational institution, the ‘Adarsh Institute of Education’.

BlockSpare — News, Magazine and Blog Addons for (Gutenberg) Block Editor

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports