Last Updated on September 8, 2026 by Gopi Krishna Verma

गिरिडीह। जिले के सभी विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य और समयबद्ध चिकित्सीय देखभाल को लेकर प्रशासन सख्त हो गया है। मंगलवार को समाहरणालय सभागार में उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी रामनिवास यादव की अध्यक्षता में ‘स्टूडेंट हेल्थ स्क्रीनिंग’ और स्वास्थ्य जांच अभियान की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिले का कोई भी विद्यालय या बच्चा स्वास्थ्य जांच से वंचित न रहे।
लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई
समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने कहा कि बच्चों का स्वास्थ्य एक अत्यंत संवेदनशील विषय है। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (RBSK) के तहत कार्यरत चिकित्सा दलों के कार्यों की समीक्षा करते हुए उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी चिकित्सकों और अधिकारियों को पूरी पारदर्शिता, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं।

बीमार बच्चों का त्वरित उपचार और रेफरल
बैठक में यह निर्देश दिया गया कि हर बच्चे का बेसिक हेल्थ चेकअप अनिवार्य रूप से हो। जांच के दौरान यदि किसी बच्चे में बीमारी या स्वास्थ्य संबंधी समस्या के लक्षण पाए जाते हैं, तो उसकी पहचान कर तुरंत चिकित्सीय परामर्श, इलाज और आवश्यकतानुसार रेफरल की व्यवस्था की जाए।
विशेष आवासीय विद्यालयों पर रहेगा मुख्य फोकस
उपायुक्त ने कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, जवाहर नवोदय विद्यालय, केंद्रीय विद्यालय, सरकारी छात्रावास, मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय और पीएम श्री विद्यालयों सहित सभी आवासीय शिक्षण संस्थानों में नियमित हेल्थ कैंप लगाने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि इसका मुख्य उद्देश्य केवल जांच करना नहीं, बल्कि समय पर बीमारी की पहचान कर उचित ‘फॉलो-अप’ सुनिश्चित करना है।

माइक्रो प्लान के तहत नियमित निगरानी
अभियान को शत-प्रतिशत सफल बनाने के लिए व्यावहारिक माइक्रो प्लान तैयार किया गया है। उपायुक्त ने प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारियों और स्वास्थ्य विभाग को समन्वय बनाकर विद्यालयवार प्रगति की निरंतर समीक्षा करने और लक्ष्य में पीछे रहने वाले क्षेत्रों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
बैठक में सहायक समाहर्ता, सिविल सर्जन, जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO), जिला शिक्षा अधीक्षक (DSE), सभी MOIC, प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी (BEEO) और BPO समेत कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।




