रामनवमी को लेकर डीसी व एसपी ने दिए सभी एसडीएम, एसडीपीओ, अंचलाधिकारी व थाना प्रभारियों को आवश्यक निर्देश
Last Updated on March 25, 2026 by Gopi Krishna Verma
एक नज़र:
- बैठक में जिले के सभी संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील क्षेत्रों की विस्तृत समीक्षा की गई तथा पर्व के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
- उपायुक्त ने स्पष्ट रूप से कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी पदाधिकारी अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन पूरी सतर्कता एवं जिम्मेदारी के साथ करें।

गिरिडीह। रामनवमी पर्व को शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं विधि-व्यवस्था के अनुकूल संपन्न कराने के उद्देश्य से उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी रामनिवास यादव एवं पुलिस अधीक्षक ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) के माध्यम से सभी अनुमंडल पदाधिकारी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, अंचलाधिकारी एवं थाना प्रभारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक की।
बैठक में जिले के सभी संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील क्षेत्रों की विस्तृत समीक्षा की गई तथा पर्व के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उपायुक्त रामनिवास यादव ने कहा कि रामनवमी एक महत्वपूर्ण धार्मिक पर्व है, जिसे सभी समुदायों के सहयोग एवं समन्वय से शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने सभी पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार भ्रमणशील रहकर विधि-व्यवस्था की स्थिति पर नजर रखें। जुलूस मार्गों का भौतिक सत्यापन कर लिया जाए और जहां भी आवश्यक हो वहां बैरिकेडिंग, लाइटिंग एवं साफ-सफाई की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि जुलूस के लिए निर्धारित मार्ग एवं समय का सख्ती से पालन कराया जाए तथा बिना अनुमति के किसी भी प्रकार का जुलूस या कार्यक्रम आयोजित न होने दिया जाए।

उपायुक्त ने कहा कि पर्व के दौरान बिजली, पेयजल, स्वास्थ्य एवं अग्निशमन जैसी बुनियादी सुविधाएं भी दुरुस्त रहनी चाहिए। आपात स्थिति से निपटने के लिए कंट्रोल रूम को सक्रिय रखा जाए तथा सभी संबंधित विभागों के पदाधिकारी अलर्ट मोड में रहें। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी पदाधिकारी अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन पूरी सतर्कता एवं जिम्मेदारी के साथ करें।

पुलिस अधीक्षक, डॉ बिमल कुमार ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश देते हुए कहा कि पर्व के दौरान पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की जाए और संवेदनशील स्थलों पर विशेष निगरानी रखी जाए। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर विशेष नजर रखें और किसी भी प्रकार की भ्रामक या आपत्तिजनक पोस्ट पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करें। साथ ही, डीजे और लाउडस्पीकर के उपयोग में निर्धारित नियमों का पालन कराया जाए तथा भड़काऊ या अश्लील गानों पर पूरी तरह रोक रहे।

बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि सभी प्रशासनिक एवं पुलिस पदाधिकारी स्थानीय शांति समिति के सदस्यों, जनप्रतिनिधियों एवं समाज के बुद्धिजीवियों के साथ लगातार संवाद बनाए रखें, ताकि किसी भी प्रकार की अफवाह या विवाद की स्थिति उत्पन्न न हो। संवेदनशील क्षेत्रों में दंडाधिकारी एवं पुलिस बल की संयुक्त पेट्रोलिंग सुनिश्चित की जाए और भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर विशेष चौकसी बरती जाए।
बैठक के अंत में उपायुक्त एवं पुलिस अधीक्षक ने सभी पदाधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए रामनवमी पर्व को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने का निर्देश दिया।
